बालोद टाइम्स
बालोद। शिक्षक दिवस के अवसर पर बालोद जिले के शिक्षा जगत को एक बड़ी उपलब्धि मिलने जा रही है। स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय बालोद में पदस्थ व्याख्याता नेमसिंह साहू को 5 सितंबर 2026 को राजभवन में राज्यपाल द्वारा राज्य के सर्वोच्च ‘राज्य शिक्षक पुरस्कार’ से सम्मानित किया जाएगा।
एमएससी रसायन शास्त्र, एमए (अर्थशास्त्र, अंग्रेजी) और बीएड की शैक्षणिक योग्यता रखने वाले साहू ने अपने 18 वर्षों के शिक्षकीय सफर में विषम परिस्थितियों के बावजूद शिक्षा और समाजसेवा का नया मानदंड स्थापित किया है।
सुकमा के वनांचल से शुरुआत
नेमसिंह साहू की पहली नियुक्ति 2 अगस्त 2008 को अति संवेदनशील नक्सल प्रभावित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय छिंदगढ़ (जिला सुकमा) में हुई थी। वहां करीब 11 वर्षों तक कठिन परिस्थितियों के बीच कार्य करते हुए उन्होंने स्थानीय बच्चों को मुख्यधारा की शिक्षा से जोड़े रखा।
50 से अधिक विद्यार्थियों को राज्यपाल पुरस्कार
स्काउटिंग एवं गाइडिंग के क्षेत्र में उनका योगदान उल्लेखनीय रहा है। उनके प्रभावी मार्गदर्शन में अब तक 50 से अधिक स्काउट, गाइड, रोवर एवं रेंजर विद्यार्थियों को राज्यपाल पुरस्कार प्राप्त हो चुका है। विद्यार्थियों में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और राष्ट्रप्रेम की भावना जगाने में उनकी अहम भूमिका रही है।
अध्यापन और नवाचार में आगे
रसायन शास्त्र के व्याख्याता होने के बावजूद, शिक्षकों की कमी को देखते हुए वे कक्षा 10वीं के विद्यार्थियों को हिंदी भी पढ़ाते हैं। कमजोर विद्यार्थियों के लिए अतिरिक्त उपचारात्मक कक्षाएं (Remedial Classes), इंस्पायर अवार्ड की तैयारी, प्रयोगशाला संचालन, विज्ञान क्लब, इको क्लब और कोरोना काल में वर्चुअल शिक्षण के जरिए उन्होंने निरंतर नवाचार किया है।
सामाजिक सरोकार और संगठनात्मक भूमिका
विद्यालयीन गतिविधियों के अलावा वे पर्यावरण संरक्षण, वृक्षारोपण, सड़क सुरक्षा, साइबर जागरूकता, आपदा प्रबंधन, मतदाता जागरूकता और वृद्धाश्रम सेवा जैसे सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय रहते हैं। वर्तमान में वे बालोद जिले के जिला संगठन आयुक्त (स्काउट), छत्तीसगढ़ राज्य कर्मचारी अधिकारी संघ विकासखंड बालोद के सचिव तथा Novel Teachers Creative Foundation के कोषाध्यक्ष पद की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं।
पूर्व में भी ‘My NEP Ambassador’, कोरोना वॉरियर, रेडक्रॉस सम्मान और स्वतंत्रता दिवस 2025 पर वन मंत्री केदार कश्यप द्वारा प्रशस्ति पत्र से सम्मानित हो चुके साहू को यह सर्वोच्च राज्य पुरस्कार मिलने पर क्षेत्र के शिक्षाविदों व नागरिकों ने हर्ष व्यक्त किया है।


